डाॅ. डी.जे. सिंह, उप महानिरीक्षक (प्रशिक्षण) , आ.सु.अ. प्रतिभागियों के साथ इंडोर शिक्षण सत्र में।
प्रोफेसर एस.आर. शर्मा, विधि संकाय राजकीय विधि महाविद्यालय, अजमेर के भूतपूर्व डीन एवं विभागाध्यक्ष, कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़़न पर कार्यशाला का संचालन करते हुए।
प्रोफेसर डाॅ. संगीता मलिक, कोर्स प्रतिभागियों के साथ जेन्डर मुद्दे पर संवाद करती हुई।
श्री एम.पी.एस.नेगी, निदेशक/महानिरीक्षक, आ.सु.अ. माउन्ट आबू , प्रतिभागियों को कोर्स पूर्णता प्रमाण -पत्र प्रदान करते हुए।
श्रीमती आशा वर्मा, सहायक प्रोफेसर जी.एन.एल.यू.गाॅंधीनगर गुजरात, कार्य स्थल पर महिला यौन उत्पीड़न (निषेध रोकथाम और निवारण) अधिनियम 2013 पर शिक्षण सत्र लेती हुई।
श्रीमती नीतू डी.भट्टाचार्य, उप महानिरीक्षक, के.रि.पु.बल, कोर्स प्रतिभागियों को कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न की अवधारणा को स्पस्ट करती हुई।
श्रीमती नीतू डी.भट्टाचार्य, उप महानिरीक्षक, के.रि.पु.बल, जेन्डर सेन्सिटाईजेशन कोर्स क्र.सं. 03 के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता करती हुई।
श्रीमती मानवी शर्मा, एडवोकेट, कोर्स प्रतिभागियों को यौन उत्पीड़न संबंधी मामलों के संबंध में कानूनी जानकारी देती हुई।